देहरादून | 27 अप्रैल 2026
उत्तराखंड की राजधानी देहरादून अब विकास के नए दौर में प्रवेश करने जा रही है। मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (MDDA) की 113वीं बोर्ड बैठक में शहर के भविष्य को लेकर कई बड़े फैसले लिए गए। बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 968 करोड़ रुपये के बजट को मंजूरी दी गई, जो देहरादून को आधुनिक, व्यवस्थित और पर्यावरण अनुकूल शहर बनाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
बैठक की अध्यक्षता गढ़वाल आयुक्त एवं प्राधिकरण अध्यक्ष विनय शंकर पांडेय ने की, जबकि उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने सदस्यों का स्वागत किया। इस दौरान कुल 48 प्रस्तावों पर चर्चा के बाद स्वीकृति दी गई।
968 करोड़ से बदलेगी देहरादून की तस्वीर
इस बड़े बजट में शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर, सड़कें, सौंदर्यीकरण, पार्क, पर्यावरण संरक्षण और जनसुविधाओं को प्राथमिकता दी गई है।
MDDA का लक्ष्य केवल निर्माण कार्य नहीं, बल्कि देहरादून को एक स्मार्ट, स्वच्छ और संतुलित शहर के रूप में विकसित करना है।
विशेषज्ञ मानते हैं कि यह बजट राजधानी की बढ़ती आबादी और शहरी दबाव को देखते हुए बेहद महत्वपूर्ण साबित हो सकता है। 🎯
ईको-रिजॉर्ट, होटल और आवासीय योजनाओं को हरी झंडी
बैठक में पर्यटन और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने वाले कई प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इनमें शामिल हैं:
- ईको-रिजॉर्ट परियोजनाएं
- होटल निर्माण प्रस्ताव
- व्यावसायिक भवन स्वीकृतियां
- आवासीय मानचित्र पासिंग
इन फैसलों से देहरादून में रोजगार, निवेश और पर्यटन को नई गति मिलने की उम्मीद है।
बढ़ते तापमान पर चिंता, हरित देहरादून मिशन शुरू
लगातार बढ़ते तापमान और पर्यावरणीय दबाव को देखते हुए MDDA ने ग्रीन देहरादून अभियान पर जोर दिया है।
इसके तहत:
- शहरभर में वृक्षारोपण
- जल संरक्षण योजनाएं
- नए पार्कों का निर्माण
- सार्वजनिक स्थलों का हरित विकास
- जल स्रोतों का संरक्षण
शहर के डिवाइडरों पर पौधे लगाने, गमलों की व्यवस्था और सिंचाई के लिए आधुनिक उपकरण खरीदने को भी मंजूरी दी गई है।
मशीनरी भी खरीदी जाएगी
हरियाली और रखरखाव कार्यों के लिए MDDA ने खरीद को मंजूरी दी:
- ट्रैक्टर
- EICHER 333 प्रेशर पंप सहित
- हाइड्रोलिक ट्रॉली
इससे पौधारोपण, पानी सप्लाई और सफाई व्यवस्था तेज़ी से हो सकेगी।
क्या बोले अधिकारी?
विनय शंकर पांडेय
उन्होंने कहा कि लक्ष्य केवल निर्माण नहीं, बल्कि देहरादून को हरित, संतुलित और व्यवस्थित शहर बनाना है। सभी परियोजनाएं समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पूरी होंगी।
बंशीधर तिवारी
उन्होंने कहा कि स्वीकृत प्रस्तावों से शहर का विकास होगा और निवेश व रोजगार के नए अवसर बनेंगे।
मोहन सिंह बर्निया
उन्होंने बताया कि कुल 48 प्रस्तावों पर विचार हुआ और सभी जनहित से जुड़े मामलों को नियमानुसार मंजूरी दी गई।
देहरादून के भविष्य की मजबूत नींव
MDDA की यह बैठक सिर्फ औपचारिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि राजधानी के भविष्य की नई पटकथा मानी जा रही है। यदि योजनाएं समय पर जमीन पर उतरीं, तो आने वाले वर्षों में देहरादून देश के सबसे व्यवस्थित और सुंदर शहरों में शामिल हो सकता है।










