लखनऊ | 10 सितंबर 2026
उत्तर प्रदेश में स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी एक करोड़ महिलाओं के लिए ब्याजमुक्त क्रेडिट योजना की तैयारी की जा रही है। योजना के तहत प्रत्येक पात्र महिला को कुल 1 लाख रुपये तक का क्रेडिट तीन चरणों में देने का प्रस्ताव है। पहली किस्त के तौर पर 20 हजार रुपये देने की तैयारी है, जबकि इसके बाद 30 हजार और 50 हजार रुपये की अगली किस्तों का प्रावधान रखा गया है।
💰 तीन चरणों में मिलेगा क्रेडिट
योजना के मुताबिक पहली किस्त में महिलाओं को 20 हजार रुपये का ब्याजमुक्त क्रेडिट उपलब्ध कराया जाएगा। इस राशि को छोटे कारोबार की शुरुआत या पहले से चल रहे उद्यम को आगे बढ़ाने में इस्तेमाल किया जा सकेगा।
पहली राशि वापस करने के बाद 30 हजार रुपये की दूसरी किस्त और उसके बाद 50 हजार रुपये की तीसरी किस्त देने की व्यवस्था बताई गई है। इस तरह कुल क्रेडिट सीमा 1 लाख रुपये तक पहुंच सकती है।
🏦 बैंकिंग व्यवस्था को आसान बनाने पर जोर
योजना को लागू करने के लिए ग्राम्य विकास विभाग की उच्चस्तरीय बैठक में बैंकों के साथ चर्चा की गई। इसमें ग्रामीण महिलाओं के लिए बैंकिंग सेवाओं को ज्यादा आसान बनाने और समूह से जुड़ी प्रशिक्षित महिलाओं के जरिए गांव स्तर पर बैंकिंग से जुड़े काम कराने की संभावनाओं पर भी बात हुई।
📲 खाते में पहुंचेगी राशि
योजना के तहत पात्र महिलाओं को लाभ डीबीटी के माध्यम से सीधे बैंक खाते में उपलब्ध कराने की बात कही गई है। इसका उद्देश्य भुगतान प्रक्रिया को पारदर्शी रखना और बिचौलियों की भूमिका को खत्म करना बताया गया है।
📅 दिसंबर में पहली किस्त की तैयारी
रिपोर्ट के अनुसार पहली किस्त के रूप में 20 हजार रुपये दिसंबर में जारी करने की तैयारी है। हालांकि योजना की प्रक्रिया को अंतिम रूप देने के लिए सरकार और बैंकों के बीच काम चल रहा है।
🛵 50 हजार युवतियों को स्कूटी देने की भी तैयारी
महिलाओं से जुड़ी इस योजना के अलावा उत्तर प्रदेश सरकार 50 हजार युवतियों को स्कूटी देने की तैयारी भी कर रही है। कॉलेज स्तर पर छात्राओं के चयन और सत्यापन की प्रक्रिया चल रही है, जबकि स्कूटी उपलब्ध कराने वाली कंपनी के चयन की प्रक्रिया भी अंतिम चरण में बताई गई है।
योजना के तहत चयनित छात्राओं को पेट्रोल वाली स्कूटी के साथ पांच लीटर पेट्रोल देने की बात भी रिपोर्ट में कही गई है।










