देहरादून के ननूरखेड़ा में बुधवार को खेलों का जोश, युवा ऊर्जा और सपनों की चमक एक साथ दिखाई दी, जब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी 2025-26 के भव्य समापन समारोह में शिरकत की।
जैसे ही विजेता के रूप में देहरादून जनपद का नाम घोषित हुआ, मैदान तालियों और उत्साह से गूंज उठा। मुख्यमंत्री ने विजेता टीम को ट्रॉफी के साथ 5 लाख रुपये का चेक देकर सम्मानित किया। 🏆
🎯 खेलों का समापन नहीं, नए भविष्य की शुरुआत
मुख्यमंत्री धामी ने अपने संबोधन में कहा कि यह समारोह केवल प्रतियोगिता का अंत नहीं, बल्कि उत्तराखंड के खेल भविष्य की नई शुरुआत है।
उन्होंने कहा कि अब खेल आयोजन गांव-गांव, न्याय पंचायतों और दूरस्थ पहाड़ी इलाकों में छिपी प्रतिभाओं को सामने लाने का मजबूत मंच बन चुके हैं। “उत्तराखंड अब सिर्फ देवभूमि ही नहीं, बल्कि खेलभूमि के रूप में भी पहचान बना रहा है,” उन्होंने गर्व से कहा।
इस चैम्पियनशिप में करीब 11 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे खिलाड़ियों के खातों में भेजी जा रही है।
🇮🇳 मोदी नेतृत्व में खेल संस्कृति को मिली नई ताकत
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत खेल जगत में नई ऊँचाइयाँ छू रहा है।
‘खेलो इंडिया’ और ‘फिट इंडिया’ जैसे अभियानों से देश में फिटनेस जन आंदोलन बन चुकी है और युवा वर्ग खेलों के प्रति पहले से ज्यादा समर्पित दिख रहा है।
आज भारत ओलंपिक, पैरालंपिक, एशियाई और कॉमनवेल्थ खेलों में रिकॉर्ड पदक जीतकर विश्व मंच पर अपनी मजबूत पहचान बना चुका है।
🏅 उत्तराखंड में खेलों की नई क्रांति
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार खेलों को बढ़ावा देने के लिए लगातार काम कर रही है।
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38वें राष्ट्रीय खेलों के सफल आयोजन ने राज्य का गौरव बढ़ाया
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खिलाड़ियों ने 103 पदक जीतकर पहली बार 7वां स्थान हासिल किया
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आठ शहरों में 23 खेल अकादमियाँ स्थापित करने की योजना
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हल्द्वानी में प्रदेश की पहली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी निर्माणाधीन
नई खेल नीति के तहत खिलाड़ियों को छात्रवृत्ति, उपकरण सहायता और प्रशिक्षकों के मानदेय में बढ़ोतरी जैसे प्रावधान किए गए हैं।
🥇 खिलाड़ियों को मिलेगा सरकारी नौकरी में आरक्षण
सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए इस वर्ष से खेल महाकुंभ और राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को सरकारी सेवाओं में आवेदन के दौरान 4% क्षैतिज आरक्षण देने की घोषणा की है।
साथ ही “उत्तराखंड खेल रत्न”, “द्रोणाचार्य पुरस्कार” और “हिमालय खेल रत्न” जैसे सम्मान भी दिए जा रहे हैं।
👥 1.62 लाख खिलाड़ियों ने लिया हिस्सा
खेल मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि 23 नवंबर 2025 से शुरू हुई यह प्रतियोगिता 18 फरवरी 2026 को समाप्त हुई, जिसमें 1 लाख 62 हजार से अधिक खिलाड़ियों ने भाग लिया और 26 खेल स्पर्धाएँ आयोजित हुईं।
उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन भविष्य के ओलंपिक और राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए प्रतिभाएँ तैयार करने में अहम भूमिका निभाएंगे।










