🏙️ “हर शहर बने स्मार्ट, हर गली रहे साफ़”: मुख्यमंत्री धामी ने शहरी विकास की योजनाओं का लिया फील्ड अपडेट

देहरादून, सोमवार — उत्तराखंड के शहर अब सिर्फ पहाड़ी सौंदर्य के लिए नहीं, बल्कि स्मार्ट सुविधाओं और साफ़-सुथरे माहौल के लिए भी जाने जाएंगे। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को सचिवालय में शहरी विकास विभाग की ‘गेम चेंजर योजनाओं’ की गहराई से समीक्षा की और साफ़ कहा — “हर शहर चमकना चाहिए, लेकिन जनसहभागिता के दम पर।” 🌟

🧼 स्वच्छता से शुरू, स्मार्टनेस तक बात
सीएम धामी ने स्वच्छता को मूल मंत्र बताते हुए नगर निकायों से अपील की कि हर वार्ड, हर गली साफ़ रहे। साथ ही उन्होंने लोगों को जागरूक करने और उन्हें इस मुहिम का भागीदार बनाने के निर्देश भी दिए। स्वच्छता सर्वेक्षण में अव्वल आने वाले नगर निकायों को विशेष प्रोत्साहन मिलेगा।

💡 स्ट्रीट लाइट से लेकर ट्रैफिक तक
मुख्यमंत्री ने सीवर लाइन, स्ट्रीट लाइट, पार्किंग, ट्रैफिक मैनेजमेंट, ई-वेस्ट निस्तारण जैसी नगरीय चुनौतियों पर तत्काल और प्रभावी समाधान पर ज़ोर दिया। उन्होंने कहा — “सिर्फ इमारतें नहीं, नागरिकों की सुविधाएं भी स्मार्ट बननी चाहिएं।”

🏞️ देवभूमि रजत जयंती पार्क: हर शहर को मिलेगा नया जीवन
बैठक में बताया गया कि 2026 तक उत्तराखंड के प्रमुख शहरों में आधुनिक सुविधाओं से युक्त ‘देवभूमि रजत जयंती पार्क’ तैयार होंगे। इन पार्कों में योग, वॉकिंग ट्रैक और ओपन जिम जैसी सुविधाएं होंगी — यानी नागरिकों के स्वास्थ्य और मन की शांति दोनों का ख्याल।

💧 पानी की एक-एक बूंद का होगा सदुपयोग
नगर क्षेत्रों में हर साल 50 लाख लीटर वर्षा जल संचयन की योजना पर तेज़ी से काम चल रहा है। यह योजना न केवल पर्यावरण की दृष्टि से महत्वपूर्ण है बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए संसाधनों की सुरक्षा भी सुनिश्चित करती है।

🔌 स्मार्ट लाइट्स से चमकेंगी नगर गलियाँ
राज्य के 11 नगर निगमों में सेंटरलाइज़्ड स्ट्रीट लाइट कंट्रोल सिस्टम लागू किया जा रहा है, जिससे ऊर्जा की बचत के साथ बेहतर प्रबंधन भी सुनिश्चित हो सकेगा।

🧠 नवाचार से राजस्व बढ़ेगा
मुख्यमंत्री ने नगर निकायों के राजस्व में वृद्धि के लिए नवाचार को बढ़ावा देने की बात कही। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक स्थानीय स्तर पर आत्मनिर्भरता नहीं होगी, तब तक बदलाव अधूरा रहेगा।

📋 इस समीक्षा बैठक में प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन, सचिव नितेश झा, विश्वास डाबर, श्रीधर बाबू अदांकी सहित तमाम वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।