📘 “विजन के साथ विकास” — 2026 से 2031 का रोडमैप लॉन्च
लोक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा तैयार 2026–2031 मास्टर प्लान पुस्तिका का मुख्यमंत्री ने विधिवत विमोचन किया।
यह सिर्फ एक दस्तावेज़ नहीं, बल्कि राज्य के इंफ्रास्ट्रक्चर को नई दिशा देने वाली रणनीति मानी जा रही है।
सीएम धामी ने साफ कहा—
👉 “विजन के साथ विकास ही हमारी प्राथमिकता है, और यह पुस्तिका उसी दिशा में एक मजबूत कदम है।”
🛣️ सड़क, पुल और सुरक्षा—100+ प्रोजेक्ट्स का विजन
PWD की इस मास्टर प्लान में 100 से अधिक परियोजनाओं का ब्लूप्रिंट तैयार किया गया है, जिनमें शामिल हैं:
- बेहतर रोड कनेक्टिविटी
- इकनॉमी हब्स को जोड़ने वाली सड़कें
- आधुनिक पुलों का निर्माण
- सड़क सुरक्षा और स्लोप प्रोटेक्शन
- टेक्नोलॉजी आधारित इंफ्रास्ट्रक्चर
सचिव लोक निर्माण विभाग डॉ. पंकज कुमार पांडेय ने बताया कि समय-समय पर इस प्लान में संशोधन भी किए जाएंगे ताकि बदलती जरूरतों के मुताबिक विकास आगे बढ़ सके।
🌄 “टूरिज्म हब बन रहा उत्तराखंड”—सीएम का फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड तेजी से एक बड़े पर्यटन हब के रूप में उभर रहा है।
ऐसे में बेहतर सड़कें और मजबूत कनेक्टिविटी बेहद जरूरी है।
उन्होंने यह भी जोड़ा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य में इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में तेज़ी आई है, और अब भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर योजनाएं बनाई जा रही हैं।
🔗 “कनेक्टिविटी ही विकास की रीढ़”—सतपाल महाराज
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि
👉 “विकास का आधार कनेक्टिविटी है, और उत्तराखंड में इसे मजबूत करने के लिए लगातार काम हो रहा है।”
उन्होंने भरोसा दिलाया कि आने वाले समय में राज्य के दूरस्थ क्षेत्रों को भी बेहतर सड़कों और सुविधाओं से जोड़ा जाएगा।
🚀 विकसित भारत 2047 की दिशा में कदम
यह मास्टर प्लान सिर्फ राज्य के लिए नहीं, बल्कि “विकसित भारत 2047” के बड़े लक्ष्य से भी जुड़ा हुआ है।
सरकार का मानना है कि मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर ही आर्थिक विकास और रोजगार के नए अवसरों की कुंजी है।
🎯 क्यों अहम है यह मास्टर प्लान?
- अगले 5 वर्षों के विकास की स्पष्ट दिशा तय
- पर्यटन और व्यापार को मिलेगा बड़ा बढ़ावा
- दूरस्थ क्षेत्रों तक बेहतर कनेक्टिविटी
- सुरक्षा और टेक्नोलॉजी पर खास फोकस










