नेपाल में फ्लैश फ्लड से भारी तबाही, 644 लापता; बिहार में गंडक को लेकर अलर्ट, CM ने किया हवाई सर्वे

काठमांडू/पटना | 27 अगस्त 2026

नेपाल में अचानक आई फ्लैश फ्लड ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई है। नेपाल टूरिज्म बोर्ड की 27 अगस्त दोपहर 12 बजे तक की सूची के अनुसार 644 नेपाली और विदेशी नागरिक अब भी लापता हैं, जिनमें 178 भारतीय शामिल हैं। उधर, नेपाल से आने वाले पानी के कारण बिहार में गंडक नदी को लेकर प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है।

बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गुरुवार को बगहा स्थित वाल्मीकि बैराज और बाढ़ की दृष्टि से संवेदनशील इलाकों का हवाई निरीक्षण किया। उनके साथ जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी और मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत भी मौजूद रहे।

🌊 नेपाल में तबाही, सैकड़ों लोगों की तलाश जारी

नेपाल के रसुवा जिले के तिमुरे और स्याफ्रुबेसी इलाकों में बाढ़ का असर सबसे ज्यादा बताया गया है। अचानक आए तेज पानी और मलबे ने सड़क, वाहन, मकान और दूसरी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया।

नेपाल के प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव अभियान जारी है। क्षतिग्रस्त सड़कें और पुल बचाव दलों के लिए चुनौती बने हुए हैं। हेलीकॉप्टरों की मदद से भी लोगों को निकालने और लापता लोगों की तलाश की जा रही है।

🇮🇳 178 भारतीय भी लापता

नेपाल टूरिज्म बोर्ड की 27 अगस्त को दोपहर 12 बजे तक की सूची में 644 लापता लोगों का उल्लेख है। इनमें 178 भारतीय नागरिक शामिल हैं।

लापता लोगों में कई ऐसे यात्री भी बताए गए हैं जो नेपाल-तिब्बत सीमा पार कर आगे की यात्रा पर जाने वाले थे। टूर ऑपरेटरों के यात्रा कार्यक्रम के मुताबिक, कई यात्रियों ने 25 अगस्त को रसुवागढ़ी में रात बिताई थी और 26 अगस्त को केरुंग जाने की योजना थी। बाढ़ के बाद कई लोगों से संपर्क टूटने की जानकारी सामने आई है।

🚨 भारतीय दूतावास ने जारी किए हेल्पलाइन नंबर

नेपाल में फंसे या प्रभावित भारतीय नागरिकों की मदद के लिए काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास ने इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर अपडेट किए हैं। इन नंबरों पर WhatsApp के जरिए भी संपर्क किया जा सकता है।

हेल्पलाइन नंबर:
📞 +977 985 131 6807
📞 +977 970 910 7500
📞 +977 981 032 6117

✈️ भारत ने नेपाल के लिए भेजी राहत सामग्री

भारत की ओर से नेपाल के लिए राहत अभियान चलाया जा रहा है। भारतीय वायुसेना का दूसरा विमान 37.5 टन मानवीय सहायता और आपदा राहत सामग्री, दवाएं तथा खाने के पैकेट लेकर हिंडन से नेपाल रवाना हुआ। इससे पहले 10 टन राहत सामग्री लेकर एक विमान नेपाल भेजा गया था।

🇳🇵 नेपाल के बाद बिहार में बढ़ी चिंता

नेपाल में आई बाढ़ के बाद बिहार में भी गंडक नदी के जलप्रवाह पर लगातार नजर रखी जा रही है। वाल्मीकिनगर गंडक बैराज पर 26 अगस्त की रात पानी का डिस्चार्ज लगातार बढ़ा और रात 11 बजे यह 1,50,200 क्यूसेक तक पहुंच गया।

इसके बाद कुछ समय के लिए पानी घटा, लेकिन सुबह फिर बढ़ोतरी दर्ज की गई। सुबह 9 बजे डिस्चार्ज 1,04,400 क्यूसेक तक पहुंच गया था। बताया गया कि देवघाट क्षेत्र में हुई बारिश के कारण गंडक के जलप्रवाह में फिर वृद्धि हुई।

✈️ CM सम्राट चौधरी ने किया हवाई निरीक्षण

बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गंडक और कोसी से जुड़े इलाकों के साथ बाढ़ की दृष्टि से संवेदनशील स्थानों का हवाई सर्वे किया। जल संसाधन विभाग के मुताबिक, फिलहाल तटबंधों पर किसी प्रतिकूल प्रभाव की जानकारी नहीं है और स्थिति की लगातार निगरानी की जा रही है।

वाल्मीकि बैराज पहुंचने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि स्थिति अब सामान्य हो रही है।

🌏 नेपाल-तिब्बत क्षेत्र भी प्रभावित

बाढ़ का असर नेपाल के अलावा चीन के तिब्बत क्षेत्र में भी सामने आया है। नेपाल की राष्ट्रीय आपदा प्राधिकरण के अनुसार गुरुवार तक नेपाल में 826 लोग लापता थे और मृतकों की संख्या 165 पहुंच गई थी। चीन के सरकारी प्रसारक CCTV के मुताबिक तिब्बत में 558 लोग लापता थे, जिनमें 260 विदेशी नागरिक शामिल थे।

बाढ़ की वजह को लेकर शुरुआती स्तर पर अलग-अलग आशंकाएं सामने आई थीं। बाद की वैज्ञानिक जानकारी में ग्लेशियर के बड़े हिस्से के टूटने और उसके साथ बर्फ, चट्टान तथा मलबे के तेज बहाव की बात सामने आई।