देहरादून | 30 अक्टूबर 2026
उत्तराखंड के लाखों किसानों के लिए शुक्रवार का दिन आर्थिक राहत लेकर आया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के बनासकांठा से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 24वीं किस्त जारी करते हुए देशभर के 9.34 करोड़ से अधिक किसानों के खातों में 18,690 करोड़ रुपये से ज्यादा की धनराशि हस्तांतरित की। इस किस्त के तहत उत्तराखंड के 8 लाख 08 हजार से अधिक किसानों को भी 161.96 करोड़ रुपये मिले।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून के हाथीबड़कला स्थित सर्वे ऑडिटोरियम में आयोजित ‘पीएम-किसान उत्सव दिवस’ कार्यक्रम में हिस्सा लिया। उन्होंने प्रदेश के लाभार्थी किसानों को बधाई देते हुए कहा कि राज्य सरकार कृषि को अधिक लाभकारी बनाने और किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए लगातार काम कर रही है।
💰 उत्तराखंड में बढ़े पीएम किसान योजना के लाभार्थी
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना किसानों को आर्थिक मजबूती देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2019 में जब इस योजना की पहली किस्त जारी हुई थी, उस समय उत्तराखंड में करीब चार लाख किसान इसके लाभार्थी थे। अब यह संख्या बढ़कर आठ लाख से अधिक हो गई है।
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान का आभार जताते हुए कहा कि किसानों का सम्मान और उनकी आर्थिक समृद्धि देश की प्राथमिकताओं में शामिल है।
🚜 सिंचाई से लेकर पॉलीहाउस तक, कृषि पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में किसानों की आय बढ़ाने के लिए सिंचाई, आधुनिक तकनीक और संरक्षित खेती को प्रोत्साहित किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि प्रदेश में नहरों से सिंचाई पूरी तरह निःशुल्क कर दी गई है। किसानों की आय बढ़ाने के उद्देश्य से बजट में 200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
इसके अलावा करीब 115 करोड़ रुपये के निवेश से राज्य में 350 से अधिक आधुनिक पॉलीहाउस तैयार किए जा चुके हैं। इनके माध्यम से संरक्षित खेती को बढ़ावा दिया जा रहा है।
🌱 पहाड़ों की खेती को जलवायु परिवर्तन के अनुकूल बनाने की तैयारी
पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश पर निर्भर खेती की चुनौतियों को देखते हुए राज्य सरकार ने 1,000 करोड़ रुपये की लागत वाले उत्तराखंड क्लाइमेट रिस्पॉन्सिव रेन-फेड फार्मिंग प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है।
मुख्यमंत्री के अनुसार, इस परियोजना का उद्देश्य बदलती जलवायु परिस्थितियों के अनुरूप खेती को मजबूत और टिकाऊ बनाना है।
इसके साथ ही फल उत्पादन और मोटे अनाज की खेती को बढ़ावा देने के लिए नई सेब नीति, कीवी नीति, ड्रैगन फ्रूट नीति और स्टेट मिलेट मिशन जैसी पहल की गई हैं। इन योजनाओं के तहत पात्र किसानों को विभिन्न गतिविधियों में 80 प्रतिशत तक अनुदान देने का प्रावधान है।
🍎 कोल्ड स्टोरेज और खाद्य प्रसंस्करण पर भी जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाने और फसलों को खराब होने से बचाने के लिए कोल्ड चेन, कोल्ड स्टोरेज, नियंत्रित वातावरण वाले भंडारण केंद्रों और खाद्य प्रसंस्करण सुविधाओं को विकसित किया जा रहा है।
सुगंधित पौधों की खेती को बढ़ावा देने के लिए महक क्रांति नीति के तहत प्रदेश में सात एरोमा वैली विकसित की जा रही हैं। इसके साथ ही 23 हजार हेक्टेयर भूमि पर सुगंधित पौधों की खेती को प्रोत्साहित किया जा रहा है।
वहीं, ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ ब्रांड के माध्यम से उत्तराखंड के मिलेट और स्थानीय कृषि उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
📢 धान-गेहूं खरीद के लिए 1,100 करोड़ रुपये का प्रावधान
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने अनुपूरक बजट में धान और गेहूं की खरीद के लिए 1,100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।
इसके अलावा पर्वतीय कृषि, खाद्य प्रसंस्करण, सहकारिता, मत्स्य पालन और मौन पालन जैसे क्षेत्रों को भी प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि किसानों के लिए आय के अतिरिक्त अवसर विकसित हो सकें और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले।
उन्होंने किसानों से पारंपरिक खेती के साथ आधुनिक तकनीकों और वैज्ञानिक कृषि पद्धतियों को अपनाने तथा सरकार की योजनाओं का लाभ उठाने की अपील की।
🌿 लैवेंडर और डेंडेलियन की खेती को मिलेगा बढ़ावा : गणेश जोशी
कार्यक्रम में कृषि मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना किसानों की कृषि संबंधी जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण मदद कर रही है।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार पर्वतीय क्षेत्रों में लैवेंडर और डेंडेलियन जैसी सुगंधित एवं औषधीय फसलों की खेती को प्रोत्साहित कर रही है। इससे किसानों की आय बढ़ाने के साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर तैयार करने का प्रयास किया जा रहा है।
कृषि मंत्री ने आपदा प्रभावित किसानों को निर्धारित आपदा सहायता के अतिरिक्त राज्य सरकार की ओर से भी आर्थिक मदद देने के निर्णय के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार व्यक्त किया।











