पिथौरागढ़ की हिलजात्रा को लेकर CM धामी का बड़ा ऐलान, बाबा गंगनाथ मंदिर का होगा सौंदर्यीकरण

पिथौरागढ़ | 25 अगस्त 2026

🎯 मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्यमंत्री आवास से पिथौरागढ़ में आयोजित ऐतिहासिक हिलजात्रा महोत्सव को वर्चुअल माध्यम से संबोधित किया। उन्होंने प्रदेशवासियों, खासकर पिथौरागढ़ की जनता को हिलजात्रा पर्व की शुभकामनाएं दीं।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने ग्राम जाखनी स्थित बाबा गंगनाथ मंदिर के सौंदर्यीकरण की घोषणा की। उन्होंने कहा कि हिलजात्रा उत्तराखंड की आस्था, लोक परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण प्रतीक है।

500 साल से अधिक पुरानी है हिलजात्रा की परंपरा

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि पिथौरागढ़ की सोरघाटी में मनाई जाने वाली हिलजात्रा की परंपरा 500 वर्षों से अधिक समय से चली आ रही है। यह पर्व अब पिथौरागढ़ की विशिष्ट सांस्कृतिक पहचान का हिस्सा बन चुका है।

उन्होंने कहा कि हिलजात्रा केवल धार्मिक आयोजन नहीं है, बल्कि इसमें पहाड़ी जीवन के संघर्ष, साधना तथा कृषि और पशुपालन पर आधारित ग्रामीण जीवन की झलक भी दिखाई देती है।

आस्था और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ा पर्व

मुख्यमंत्री ने कहा कि हिलजात्रा सामाजिक और सांस्कृतिक जीवन का अभिन्न हिस्सा है। यह पर्व लोगों को पूर्वजों की परंपराओं, आदर्शों और वीरता की याद दिलाने के साथ अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ता है।

उन्होंने कहा कि भगवान शिव के गण लखिया भूत का आगमन हिलजात्रा में सुख, समृद्धि और खुशहाली का प्रतीक माना जाता है।

उन्होंने मां गौरा और भगवान महेश्वर की पारंपरिक पूजा तथा सातू-आठू पर्व का उल्लेख करते हुए सभी के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।

मानसखंड के मंदिरों के संरक्षण पर जोर

🇮🇳 मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में उत्तराखंड विकास, विरासत और विश्वास के क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड को विश्व की आध्यात्मिक राजधानी के रूप में स्थापित करने के संकल्प के साथ काम कर रही है।

धामी के अनुसार, केदारखंड की तर्ज पर मानसखंड के पौराणिक मंदिरों के पुनरुत्थान, संरक्षण और सौंदर्यीकरण के कार्य तेजी से किए जा रहे हैं।

उन्होंने हरिद्वार-ऋषिकेश गंगा कॉरिडोर, हरिपुर यमुना कॉरिडोर, गोल्ज्यू कॉरिडोर, विवेकानंद कॉरिडोर और शारदा कॉरिडोर जैसे प्रोजेक्ट्स का भी उल्लेख किया।

पर्यटन को नए क्षेत्रों से जोड़ने की कोशिश

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार उत्तराखंड के पर्यटन को केवल तीर्थाटन तक सीमित नहीं रखना चाहती। राज्य को पर्यटन के अलग-अलग क्षेत्रों में वैश्विक पहचान दिलाने के प्रयास किए जा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि उत्तराखंड वेडिंग डेस्टिनेशन, एडवेंचर टूरिज्म और फिल्म शूटिंग के पसंदीदा केंद्र के रूप में तेजी से उभर रहा है।

गांवों की खुशहाली पर सरकार का जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि गांवों की खुशहाली राज्य सरकार के बड़े संकल्पों में शामिल है। इसके लिए होम-स्टे योजना, लखपति दीदी और सौर स्वरोजगार योजना को गांव-गांव तक पहुंचाया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि ‘एक जनपद-दो उत्पाद’ और ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ के माध्यम से पहाड़ के हुनर और स्थानीय उत्पादों को देश-दुनिया में पहचान दिलाने का काम किया जा रहा है।

बाबा गंगनाथ मंदिर के सौंदर्यीकरण की घोषणा

📢 मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार चाहती है कि उत्तराखंड के पारंपरिक पर्व, मेले और त्योहार अपनी मूल पहचान और सांस्कृतिक स्वरूप के साथ आने वाली पीढ़ियों तक सुरक्षित रहें।

इसी क्रम में उन्होंने ग्राम जाखनी, पिथौरागढ़ स्थित बाबा गंगनाथ मंदिर के सौंदर्यीकरण की घोषणा की। उन्होंने कहा कि धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए सरकार लगातार काम कर रही है।

युवाओं से संस्कृति से जुड़ने का आह्वान

मुख्यमंत्री धामी ने युवा पीढ़ी का आह्वान करते हुए कहा कि हिलजात्रा जैसे पर्व युवाओं को अपनी संस्कृति और परंपराओं से परिचित कराने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।

उन्होंने युवाओं से अपनी सांस्कृतिक विरासत के महत्व को समझने और उसे भव्य स्वरूप देने के सरकार के ‘विकल्प रहित संकल्प’ को सिद्धि तक पहुंचाने में योगदान देने की अपील की।

अंत में मुख्यमंत्री ने सभी को हिलजात्रा पर्व की शुभकामनाएं दीं और कामना की कि यह पर्व सभी के जीवन में सुख, समृद्धि और आनंद लेकर आए।

कार्यक्रम में विधायक बिशन सिंह चुफाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि, जिलाधिकारी, जनपद स्तरीय अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।