देहरादून | 31 अगस्त 2026
उत्तराखंड के युवाओं को विदेशों में उपलब्ध रोजगार के अवसरों से जोड़ने के लिए उनकी ट्रेनिंग को वैश्विक जरूरतों के अनुरूप तैयार किया जाएगा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों को संबंधित भारतीय मिशनों के साथ नियमित समन्वय कर विदेशों में कुशल मानव संसाधन की मांग की जानकारी जुटाने के निर्देश दिए हैं।
🎯 मुख्यमंत्री आवास में सोमवार को जमैका, इथियोपिया और जाम्बिया में तैनात भारतीय राजनयिकों के साथ हुई बैठक में इन देशों में रोजगार की संभावनाओं और उत्तराखंड के युवाओं के लिए उपलब्ध अवसरों पर चर्चा हुई।
🌍 विदेशों की जरूरत के हिसाब से होगी युवाओं की ट्रेनिंग
मुख्यमंत्री ने कहा कि अलग-अलग देशों में जिन क्षेत्रों में कुशल कर्मचारियों की मांग अधिक है, उनकी पहचान की जाए। इसके बाद उन्हीं क्षेत्रों को ध्यान में रखते हुए उत्तराखंड के युवाओं को कौशल प्रशिक्षण दिया जाए।
उन्होंने भाषा प्रशिक्षण पर भी जोर दिया। मुख्यमंत्री के अनुसार, विदेशों में रोजगार की आवश्यकताओं के अनुरूप युवाओं को जरूरी कौशल और भाषा का प्रशिक्षण देने से उन्हें वैश्विक स्तर पर बेहतर अवसरों से जोड़ा जा सकता है।
अधिकारियों को विभिन्न देशों में कुशल मानव संसाधन की मांग और रोजगार की संभावनाओं का आकलन कर युवाओं के प्रशिक्षण के लिए प्रभावी कार्ययोजना तैयार करने को कहा गया है।
🇿🇲 जाम्बिया में शिक्षा और कृषि में अवसर
जाम्बिया में भारत के उच्चायुक्त आलोक रंजन झा ने बताया कि वहां कुशल मानव संसाधन की व्यापक आवश्यकता है। शिक्षा और कृषि ऐसे क्षेत्र हैं, जहां काम करने की संभावनाएं मौजूद हैं।
उन्होंने कहा कि जाम्बिया में जिन क्षेत्रों में प्रशिक्षित मानव संसाधन की जरूरत है, उनकी विस्तृत जानकारी राज्य सरकार को नोट के माध्यम से उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने इस दिशा में हरसंभव सहयोग का आश्वासन भी दिया।
🇯🇲 जमैका में नर्सिंग और पर्यटन की मांग
जमैका में भारत के उच्चायुक्त मयंक जोशी ने बताया कि पर्यटन, स्वास्थ्य सेवा और कृषि के क्षेत्र में रोजगार की संभावनाएं हैं। खासतौर पर नर्सिंग के क्षेत्र में प्रशिक्षित मानव संसाधन की मांग बताई गई।
मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुरूप इन क्षेत्रों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर रोजगार के अवसरों से जोड़ने की दिशा में काम किया जा सकता है।
🇪🇹 इथियोपिया में मैनेजमेंट और लॉजिस्टिक्स के अवसर
इथियोपिया में भारत के राजदूत देवेश उत्तम ने बैठक में बताया कि वहां प्रबंधन और लॉजिस्टिक्स के क्षेत्र में काम की संभावनाएं हैं।
इसके अलावा फार्मास्युटिकल और फ्लोरीकल्चर के क्षेत्र में भी अवसर उपलब्ध होने की जानकारी उन्होंने दी।
🏡 उत्तराखंड के होम स्टे मॉडल को भी मिलेगा अंतरराष्ट्रीय मंच
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड के होम स्टे क्षेत्र में हुए कार्यों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि अलग-अलग देशों से आने वाले प्रतिनिधिमंडलों को राज्य के होम स्टे मॉडल से परिचित कराने के लिए उन्हें होम स्टे का भ्रमण कराया जा सकता है।
उन्होंने फार्मा, उद्योग, आयुर्वेद और वेलनेस को भी उत्तराखंड के संभावनाशील क्षेत्रों के रूप में बताया। इन क्षेत्रों की राज्य की विशेषताओं और संभावनाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ावा देने के लिए प्रभावी प्रयास करने के निर्देश दिए गए।
📢 युवाओं को वैश्विक रोजगार से जोड़ने पर फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के युवाओं में प्रतिभा और क्षमता की कमी नहीं है। जरूरत इस बात की है कि उन्हें वैश्विक बाजार की मांग के अनुरूप प्रशिक्षण और कौशल उपलब्ध कराया जाए।
राज्य सरकार युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अधिक अवसर उपलब्ध कराने के प्रयास कर रही है। इसी क्रम में विदेशों में मौजूद रोजगार की संभावनाओं की जानकारी युवाओं तक पहुंचाने और संबंधित देशों की जरूरत के अनुसार प्रशिक्षण देने पर जोर दिया गया।
बैठक में प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु और सचिव विनय शंकर पांडेय भी मौजूद रहे।










