उत्तराखण्ड के मेहनतकश हाथों के लिए शनिवार का दिन राहत, सम्मान और भरोसे की सौगात लेकर आया। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उत्तराखण्ड भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के अंतर्गत पंजीकृत 4224 श्रमिकों के खातों में ₹12 करोड़ 89 लाख 85 हजार की धनराशि डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से सीधे ट्रांसफर की।
यह राशि सिर्फ आर्थिक मदद नहीं, बल्कि उन श्रमिक परिवारों के आत्मसम्मान और सुरक्षित भविष्य की मजबूत नींव है, जो दिन-रात प्रदेश के विकास में जुटे हैं। 🎯
191 CSC: अब दफ्तर नहीं, सुविधा श्रमिक के द्वार
मुख्यमंत्री ने इसी अवसर पर राज्य के 191 कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) में श्रमिकों के लिए विशेष सहायता व्यवस्था का भी शुभारंभ किया। अब श्रमिकों को पंजीकरण, नवीनीकरण या योजनाओं की जानकारी के लिए सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
गांव, ब्लॉक और तहसील स्तर पर ही CSC के जरिए एक ही जगह सभी सेवाएं मिलेंगी—सरल, पारदर्शी और समय बचाने वाली।
“श्रमिक उत्तराखण्ड की असली ताकत हैं”
मुख्यमंत्री श्री धामी ने भावुक अंदाज़ में कहा कि
“श्रमिक हमारे राज्य के विकास की सबसे मजबूत नींव हैं। सड़क, भवन और बुनियादी ढांचे के निर्माण में उनका योगदान अतुलनीय है। सरकार का दायित्व है कि प्रदेश को आगे बढ़ाने वाले इन लोगों और उनके परिवारों का भविष्य भी सुरक्षित हो।”
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार श्रमिकों और उनके आश्रितों के लिए आर्थिक सुरक्षा, सामाजिक संरक्षण और सम्मानजनक जीवन सुनिश्चित करने के लिए लगातार योजनाएं चला रही है। साथ ही कौशल विकास और प्रशिक्षण कार्यक्रमों के जरिए श्रमिकों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी ठोस कदम उठाए गए हैं।
6 महीने में 51 करोड़ से ज्यादा की सीधी मदद
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि बीते 6 महीनों में कर्मकार कल्याण बोर्ड के माध्यम से ₹51 करोड़ से अधिक की धनराशि श्रमिकों और उनके परिजनों के खातों में सीधे भेजी जा चुकी है।
पहले ही विकासखंड स्तर पर पंजीकरण और नवीनीकरण की व्यवस्था लागू की जा चुकी है, जिससे योजनाओं का लाभ ज़मीन तक पहुंच रहा है।
श्रम आयुक्त ने जताया भरोसा
श्रम आयुक्त श्री पी.सी. दुम्का ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में बोर्ड निरंतर श्रमिक हित में काम कर रहा है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि आगे भी मुख्यमंत्री के “सरलीकरण, समाधान, निस्तारण और संतुष्टि” के विजन के अनुसार ही योजनाओं को और प्रभावी बनाया जाएगा।
कार्यक्रम में रहे उपस्थित
इस अवसर पर राज्य संविदा श्रम सलाहकार बोर्ड के अध्यक्ष श्री कैलाश पंत, उप श्रम आयुक्त श्री विपिन कुमार, सहायक श्रम आयुक्त श्री धर्मराज, आईटी एक्सपर्ट श्रीमती दुर्गा चमोली सहित कई अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।









