🏔️ आंदोलनकारियों के सम्मान में धामी सरकार का बड़ा फैसला: पेंशन में बढ़ोतरी, परिवारों को बड़ी राहत

उत्तराखंड राज्य आंदोलन की यादें आज भी पहाड़ और मैदान दोनों में भावनाओं से जुड़ी हैं। इसी भावना को सम्मान देते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार ने आंदोलनकारियों और उनके आश्रितों के लिए बड़ा फैसला लिया है।

सरकार ने विभिन्न श्रेणियों में मिलने वाली मासिक पेंशन राशि में उल्लेखनीय बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। इस निर्णय को आंदोलनकारियों के संघर्ष और बलिदान के प्रति सरकार की कृतज्ञता के रूप में देखा जा रहा है।


💰 किस श्रेणी में कितनी बढ़ी पेंशन — पूरी जानकारी

👉 जेल गए या घायल आंदोलनकारी

  • पहले: ₹6000 प्रति माह

  • अब: ₹7000 प्रति माह

👉 अन्य आंदोलनकारी (जेल/घायल श्रेणी से अलग)

  • पहले: ₹4500

  • अब: ₹5500 प्रति माह

👉 पूर्णतः शय्याग्रस्त (Bedridden) आंदोलनकारी

  • पहले: ₹20,000

  • अब: ₹30,000 प्रति माह

👉 शहीद आंदोलनकारियों के आश्रित

  • पहले: ₹3000

  • अब: ₹5500 प्रति माह


❤️ “संघर्ष का सम्मान हमारी जिम्मेदारी” — मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड आंदोलनकारियों का त्याग और बलिदान राज्य के इतिहास का सबसे गौरवशाली अध्याय है।

उन्होंने कहा:
👉 “सरकार उनके सम्मान, सुरक्षा और सामाजिक-आर्थिक सशक्तिकरण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। यह निर्णय आंदोलनकारियों और उनके परिवारों के प्रति हमारी कृतज्ञता का प्रतीक है।”


🎯 क्यों अहम है यह फैसला?

विशेषज्ञों के अनुसार:

  • यह निर्णय लंबे समय से उठ रही मांगों को पूरा करता है

  • आंदोलनकारियों के परिवारों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी

  • राज्य आंदोलन की विरासत को सम्मान देने का संदेश जाएगा


🌄 भावनाओं से जुड़ा फैसला

उत्तराखंड आंदोलन के दौरान हजारों लोगों ने जेल यात्राएं कीं, कई घायल हुए और कई परिवारों ने अपनों को खोया। ऐसे में यह फैसला न केवल आर्थिक राहत बल्कि भावनात्मक सम्मान भी माना जा रहा है।