🏔️ थौलधार से उठी संस्कृति, खेल और संकल्प की आवाज
लोक परंपराओं से लेकर अंतरराष्ट्रीय पर्यटन तक—देवभूमि की नई पहचान गढ़ने का संकल्प
टिहरी गढ़वाल | शनिवार
देवभूमि उत्तराखंड की मिट्टी, लोकसंस्कृति और खेल प्रतिभाओं की खुशबू शनिवार को थौलधार में साफ महसूस हुई, जब मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने राजकीय इंटर कॉलेज छाम में आयोजित प्रथम खेलकूद एवं सांस्कृतिक महोत्सव के समापन समारोह में प्रतिभाग किया।
मुख्यमंत्री ने न सिर्फ आयोजन स्थल पर लगे विभिन्न विभागों के स्टालों का अवलोकन किया, बल्कि यूसीसी के तहत पंजीकरण कराने वाले नागरिकों को प्रमाण पत्र वितरित कर सरकार की योजनाओं को ज़मीनी स्तर से जोड़ा। 🎯
🕉️ “लोक संस्कृति के संरक्षण से ही देवभूमि की पहचान मजबूत होगी”
भगवान नागराजा की पावन भूमि को नमन करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे आयोजन हमारी लोक-परंपराओं को जीवंत रखने के साथ-साथ नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश सांस्कृतिक पुनर्जागरण के दौर से गुजर रहा है—
अयोध्या में राम मंदिर, काशी विश्वनाथ, महाकाल कॉरिडोर और बद्रीनाथ–केदारनाथ धाम का भव्य स्वरूप उसी का प्रमाण है। राज्य सरकार भी हरिद्वार–ऋषिकेश कॉरिडोर सहित कई सांस्कृतिक और आध्यात्मिक परियोजनाओं पर तेज़ी से कार्य कर रही है।
🏅 खेलभूमि बनेगा उत्तराखंड, युवाओं को मिलेगा मंच
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड को खेलभूमि के रूप में विकसित करने की दिशा में सरकार गंभीरता से आगे बढ़ रही है। खिलाड़ियों के लिए उच्च स्तरीय स्पोर्ट्स अकादमी की स्थापना की जा रही है, ताकि पहाड़ की प्रतिभाएं राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना सकें।
🌊 टिहरी झील को मिलेगा अंतरराष्ट्रीय पहचान का मुकाम
मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि सरकार टिहरी झील को अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर स्थापित करने के लिए संकल्पित है।
ट्रैकिंग, पैराग्लाइडिंग जैसे साहसिक खेलों की प्रतियोगिताएं और झील के चारों ओर रिंग रोड निर्माण से न सिर्फ पर्यटन बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।
🌱 रिवर्स पलायन से आत्मनिर्भर उत्तराखंड की राह
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार रिवर्स पलायन, स्वरोजगार, होम-स्टे, स्वयं सहायता समूह, लखपति दीदी योजना और आयुष वेलनेस सेक्टर को निरंतर प्रोत्साहित कर रही है।
उन्होंने गर्व के साथ कहा कि नीति आयोग की सतत विकास लक्ष्य (SDG) सूची में उत्तराखंड को पहला स्थान मिला है, और सरकार इसे बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है।
⚖️ कानून, न्याय और जीरो टॉलरेंस का स्पष्ट संदेश
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू कर सरकार ने ऐतिहासिक निर्णय लिया है।
भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई गई है—दोषियों को जेल भेजा जा रहा है।
अब तक 10 हजार से अधिक सरकारी भूमि से अतिक्रमण हटाया गया है और 6 हजार से अधिक अवैध निर्माण ध्वस्त किए गए हैं।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि दंगारोधी कानून के तहत दंगाइयों से एक-एक पाई की वसूली की जाएगी।
“देवभूमि की एकता, अखंडता और सांस्कृतिक मूल्यों से कोई समझौता नहीं होगा।”
🕯️ अंकिता भंडारी को न्याय, सरकार का भावनात्मक पक्ष
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार स्वर्गीय अंकिता भंडारी के परिवार के साथ पहले भी खड़ी थी और आगे भी खड़ी रहेगी।
एसआईटी की ढाई वर्ष की गहन जांच के बाद दोषियों को आजीवन कारावास की सजा मिलना न्याय व्यवस्था की मजबूती का प्रमाण है।
उन्होंने कहा कि सीबीआई जांच की मांग पर भी सरकार ने परिवार की भावनाओं का सम्मान किया और हर स्तर पर सहयोग दिया।
🗣️ जनप्रतिनिधियों ने जताया आभार
विधायक प्रीतम सिंह पंवार और किशोर उपाध्याय ने मुख्यमंत्री का आभार जताते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में यूसीसी, नकल विरोधी कानून जैसे ऐतिहासिक फैसले लिए गए हैं और विकास योजनाएं ज़मीन पर उतर रही हैं।
इस अवसर पर थौलधार ब्लॉक प्रमुख सुरेंद्र भंडारी, पूर्व प्रमुख ज्योत सिंह बिष्ट, संजय नेगी, विनोद उनियाल, भाजयुमो प्रदेश महामंत्री मुलायम सिंह रावत सहित बड़ी संख्या में स्थानीय जनप्रतिनिधि और ग्रामीण मौजूद रहे।










