🛑 पुल और स्कूल भवनों का राज्यव्यापी सुरक्षा ऑडिट जल्द
देहरादून, 26 जुलाई:
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि जब बात उत्तराखंड के बच्चों और आम जनता की सुरक्षा की हो, तो वे किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं करते। मुख्यमंत्री आवास में आयोजित उच्च स्तरीय बैठक के दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा — “प्रदेश के हर स्कूल भवन का सुरक्षा ऑडिट किया जाए। जहां भवन असुरक्षित हो, वहां बच्चों को एक पल भी न बैठाया जाए।”
मुख्यमंत्री ने दो टूक कहा कि बच्चों की सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं होगा। जिन स्कूलों की हालत मरम्मत योग्य है, वहां तुरंत कार्य शुरू किया जाए। और जहां पूरी तरह से नए भवन की जरूरत हो, वहां कार्ययोजना तैयार कर तेजी से निर्माण कराया जाए।
👷♂️ सिर्फ स्कूल ही नहीं, पुलों पर भी नज़र:
प्रदेश के तमाम पुलों की स्थिति पर भी मुख्यमंत्री ने चिंता जताई और निर्देश दिया कि सभी पुलों का भी सुरक्षा ऑडिट कराया जाए। उन्होंने कहा, “कहीं भी कोई पुराना या जर्जर पुल लोगों की जान का खतरा न बने। समय रहते मरम्मत या पुनर्निर्माण किया जाए और नियमित निगरानी बनी रहे।”
💍 त्रियुगीनारायण बनेगा शादी का नया पता:
मुख्यमंत्री ने त्रियुगीनारायण और अन्य धार्मिक स्थलों को वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने की योजना को भी तेजी से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस पहल से न सिर्फ पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं को रोज़गार के नए अवसर भी मिलेंगे। उन्होंने अन्य राज्यों की वेडिंग पॉलिसी का अध्ययन करने की बात भी कही ताकि उत्तराखंड एक शानदार और गरिमामयी वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में उभरे।
🕉️ “स्पिरिचुअल इकोनॉमिक ज़ोन” से बदलेगी तस्वीर:
राज्य में जल्द ही दो स्पिरिचुअल इकोनॉमिक जोन विकसित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल धार्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन को नई दिशा देगी और इससे राज्य की आर्थिकी को मजबूती मिलेगी। उन्होंने संबंधित विभागों को मिलकर ठोस योजना बनाकर काम करने के निर्देश दिए।
इस बैठक में प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम, सचिव शैलेश बगोली, विनय शंकर पांडेय, विशेष सचिव डॉ. पराग मधुकर धकाते, आईजी के.एस. नगन्याल और अपर सचिव बंशीधर तिवारी मौजूद रहे।










