उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से सोमवार को सचिवालय में गुरुद्वारा श्री हेमकुंट साहिब मैनेजमेंट ट्रस्ट के अध्यक्ष नरेंद्र जीत सिंह बिंद्रा ने शिष्टाचार भेंट की।
इस दौरान श्री बिंद्रा ने हेमकुंट साहिब यात्रा के सफल संचालन में राज्य सरकार और प्रशासन के सहयोग के लिए मुख्यमंत्री का हार्दिक आभार व्यक्त किया।
🙏 275,000 श्रद्धालुओं ने किया दर्शन – रिकॉर्ड यात्रा सफलतापूर्वक संपन्न
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के विशेष निर्देशों और संवेदनशील नेतृत्व के कारण इस वर्ष की हेमकुंट साहिब यात्रा पूरी तरह सफल और व्यवस्थित रही।
पवित्र यात्रा में इस बार भारत और विदेशों से रिकॉर्ड 2,75,000 श्रद्धालु शामिल हुए — जो इस यात्रा की लोकप्रियता और व्यवस्था दोनों का प्रमाण है।
कठोर हिमालयी मौसम और ऊँचाई पर भी प्रशासनिक प्रबंधन ने श्रद्धालुओं का विश्वास जीता।
श्री बिंद्रा ने कहा,
“मुख्यमंत्री धामी जी के मार्गदर्शन में इस वर्ष की यात्रा न केवल सुचारू रही, बल्कि श्रद्धा और व्यवस्था का उत्कृष्ट उदाहरण भी बनी।”
🚧 भूस्खलन के बाद टूटा पुल, लेकिन समय से पहले बन गया नया — संकट टला
ट्रस्ट अध्यक्ष ने बताया कि यात्रा शुरू होने से मात्र दो माह पहले गोविंदघाट को हेमकुंट मार्ग से जोड़ने वाला पुल भूस्खलन में ध्वस्त हो गया था।
लेकिन मुख्यमंत्री के सीधे हस्तक्षेप और नेतृत्व में नया घाटी पुल तय समय से पहले बनकर तैयार हुआ, जिससे हजारों श्रद्धालुओं का आवागमन निर्बाध बना रहा।
यह कार्य राज्य प्रशासन की तेज़ निर्णय क्षमता और प्रतिबद्धता का उदाहरण रहा।
🕊️ मुख्यमंत्री बोले – “हेमकुंट साहिब हमारी आत्मा का हिस्सा है”
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि जैसे बदरीनाथ-केदारनाथ, यमुनोत्री और गंगोत्री हमारे चारधाम हैं, वैसे ही हेमकुंट साहिब उत्तराखंड की आध्यात्मिक पहचान है।
उन्होंने कहा कि सरकार ने सभी तीर्थ स्थलों के विकास के लिए व्यापक कार्ययोजना तैयार की है, जिसमें श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा और अनुभव को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि गोविंदघाट से हेमकुंट साहिब तक रोपवे परियोजना से यह यात्रा और भी सुगम हो जाएगी।
🌸 गुरु तेग बहादुर जी की 350वीं शहादत वर्षगांठ पर भव्य आयोजन की तैयारी
श्री बिंद्रा ने मुख्यमंत्री को गुरु तेग बहादुर जी की 350वीं शहादत वर्षगांठ राज्य में भव्य रूप से मनाने की योजना से अवगत कराया।
उन्होंने कहा कि गुरु महाराज के धर्म, मानवता और एकता के संदेश को जन-जन तक पहुँचाने में राज्य सरकार की भूमिका सराहनीय रही है।
मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में हेमकुंट साहिब यात्रा, श्रद्धा, एकता और निर्बाध तीर्थ प्रबंधन का प्रतीक बनकर और भी श्रेष्ठ बनेगी।
इस भेंट के दौरान ट्रस्ट के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री को गुरु साहिब के आशीर्वाद स्वरूप स्मृति चिह्न भी भेंट किया।









