गैरसैंण (भराड़ीसैंण) | 11 मार्च 2026
देवभूमि उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण (भराड़ीसैंण) में बुधवार को विधानसभा का माहौल उस समय खास हो गया, जब मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami ने राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब देते हुए सरकार की उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं का विस्तृत खाका पेश किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार “विकल्प रहित संकल्प” के साथ काम कर रही है और लक्ष्य साफ है—उत्तराखंड को समृद्ध, सशक्त और आत्मनिर्भर राज्य बनाना।
अपने संबोधन की शुरुआत उन्होंने देवभूमि के देवी-देवताओं, देश के लिए बलिदान देने वाले शहीदों और राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि देकर की। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड का आज का विकास उन लोगों के संघर्ष और बलिदान की देन है, जिन्होंने राज्य निर्माण के लिए अपना सबकुछ न्योछावर किया।
गैरसैंण: पहाड़ की उम्मीदों और स्वाभिमान का प्रतीक ⛰️
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार के लिए गैरसैंण केवल एक भौगोलिक स्थान नहीं, बल्कि पहाड़ की आकांक्षाओं और स्वाभिमान का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड राज्य आंदोलन की भावना को ध्यान में रखते हुए सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि राज्य की नीतियों और योजनाओं में गैरसैंण की सोच और पहाड़ की जरूरतें झलकें।
अटल जी के सपने से मोदी के विजन तक
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड राज्य के गठन का श्रेय पूर्व प्रधानमंत्री Atal Bihari Vajpayee को जाता है, जिन्होंने अलग राज्य का सपना साकार किया।
आज प्रधानमंत्री Narendra Modi के मार्गदर्शन में उत्तराखंड तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने याद दिलाया कि 2021 में केदारनाथ से प्रधानमंत्री ने कहा था—
“21वीं सदी का तीसरा दशक उत्तराखंड का दशक होगा।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार इसी संकल्प को जमीन पर उतारने के लिए पूरी प्रतिबद्धता से काम कर रही है।
1.11 लाख करोड़ का ऐतिहासिक बजट 💰
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि वर्ष 2026–27 का बजट 1 लाख 11 हजार करोड़ रुपये का है, जो पिछले साल के मुकाबले करीब 10 प्रतिशत अधिक है।
उन्होंने कहा कि यह बजट केवल आय-व्यय का दस्तावेज नहीं, बल्कि सवा करोड़ उत्तराखंडवासियों की उम्मीदों और आकांक्षाओं का रोडमैप है।
बजट में विशेष ध्यान इन क्षेत्रों पर दिया गया है:
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मातृशक्ति का सम्मान
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युवाओं के लिए रोजगार
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किसानों का कल्याण
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विज्ञान और नवाचार
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सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण
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पर्यटन का विस्तार
घोषणाओं को जमीन पर उतारने का दावा
मुख्यमंत्री ने विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि उनकी सरकार केवल घोषणाएं नहीं करती, बल्कि उन्हें पूरा भी करती है।
उन्होंने बताया कि मुख्यसेवक के रूप में की गई 3885 घोषणाओं में से 2408 को धरातल पर उतारा जा चुका है, जबकि बाकी पर तेजी से काम चल रहा है।
अर्थव्यवस्था में तेज रफ्तार 📈
मुख्यमंत्री के अनुसार पिछले चार वर्षों में राज्य की आर्थिक स्थिति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
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प्रति व्यक्ति आय में लगभग 41% की वृद्धि
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बजट का आकार 60 हजार करोड़ से बढ़कर 1.11 लाख करोड़
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निवेश, उद्योग और पर्यटन में तेजी
उन्होंने कहा कि इन प्रयासों से राज्य की आर्थिक नींव और मजबूत हुई है।
रोजगार और उद्योगों को नई रफ्तार
सरकार ने रोजगार और स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए 30 से अधिक नई नीतियां लागू की हैं।
मुख्यमंत्री के अनुसार:
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20 हजार से ज्यादा नए उद्योग स्थापित हुए
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स्टार्टअप की संख्या 700 से बढ़कर लगभग 1750 पहुंची
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पर्यटन और होमस्टे क्षेत्र में तेजी से वृद्धि हुई
उन्होंने कहा कि हेली सेवाओं और हेलीपोर्ट बढ़ने से पर्यटन और कनेक्टिविटी को भी नई गति मिली है।
नकल माफिया और भ्रष्टाचार पर सख्त कार्रवाई ⚖️
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता लाने के लिए देश का सबसे सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया गया है।
पिछले साढ़े चार वर्षों में:
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30 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी
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200 से ज्यादा लोगों पर भ्रष्टाचार के मामलों में कार्रवाई, जिनमें वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हैं।
समान नागरिक संहिता और अन्य बड़े फैसले
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड देश का पहला राज्य बना, जहां समान नागरिक संहिता (UCC) लागू की गई।
उन्होंने कहा कि इससे महिलाओं को समान अधिकार मिले हैं और समाज में समानता और न्याय की भावना मजबूत हुई है।
सरकार ने इसके अलावा सख्त भू-कानून और धर्मांतरण विरोधी कानून जैसे कदम भी उठाए हैं, ताकि राज्य की सांस्कृतिक पहचान सुरक्षित रहे।
इंफ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी में बड़े प्रोजेक्ट 🚧
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में लगभग दो लाख करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाएं चल रही हैं।
मुख्य परियोजनाओं में शामिल हैं:
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ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना
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चारधाम ऑल वेदर रोड
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कई रोपवे और हवाई कनेक्टिविटी परियोजनाएं
इन परियोजनाओं से पर्यटन, व्यापार और आवागमन को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।
किसानों, महिलाओं और युवाओं के लिए योजनाएं 🌾👩🌾
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को 3 लाख रुपये तक ब्याज मुक्त ऋण और कृषि उपकरणों पर 80% तक सब्सिडी दी जा रही है।
महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में भी सरकार ने बड़ा कदम उठाया है—
प्रदेश में 1.70 लाख महिलाएं “लखपति दीदी” बन चुकी हैं।
पर्यटन: उत्तराखंड की अर्थव्यवस्था की मजबूत रीढ़
मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए धार्मिक, साहसिक, ईको और वेलनेस टूरिज्म पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
केदारखंड और मानसखंड मंदिर विकास योजना, शीतकालीन यात्रा, फिल्म पर्यटन और अंतरराष्ट्रीय आयोजन राज्य की पहचान को वैश्विक स्तर पर मजबूत कर रहे हैं।
“विकसित उत्तराखंड” का लक्ष्य 🎯
अपने संबोधन के अंत में मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य पर्यावरण और अर्थव्यवस्था के बीच संतुलन बनाते हुए सतत विकास सुनिश्चित करना है।
उन्होंने भरोसा जताया कि जनता के सहयोग और सरकार की प्रतिबद्धता के दम पर उत्तराखंड आने वाले वर्षों में विकास के नए कीर्तिमान स्थापित करेगा।










