देवभूमि की खुशबू, लोक गीतों की लय और इगास पर्व का उल्लास… राजधानी देहरादून आज सांस्कृतिक रंगों में डूबी नज़र आई। राज्य स्थापना के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में चल रही सांस्कृतिक श्रृंखला के तहत, देशभर के प्रसिद्ध फ़िल्म और हास्य कलाकारों ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री आवास का माहौल बेहद आत्मीय रहा — जहां हंसी के बीच संस्कृति की गंभीर बातें हुईं। मुख्यमंत्री धामी ने सभी कलाकारों का गर्मजोशी से स्वागत करते हुए कहा कि “उत्तराखंड की लोक परंपराएँ हमारी पहचान हैं। इन्हें देश और दुनिया तक पहुँचाने में कला और कलाकारों की अहम भूमिका है।” 🎨
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य न केवल संस्कृति को सहेजना है, बल्कि उसे “कल्चर-बेस्ड रोजगार” के रूप में आगे बढ़ाना भी है, ताकि उत्तराखंड की परंपराएँ नई पीढ़ी की आजीविका का माध्यम बन सकें।
मुख्यमंत्री ने कहा —
“इगास हमारे पर्वतीय समाज की आस्था और सामूहिकता का प्रतीक है। जब लोकगीत, लोकनृत्य और हास्य साथ आते हैं, तो समाज में सकारात्मकता और एकता का संदेश फैलता है।”
इस शिष्टाचार भेंट में बॉलीवुड और टेलीविज़न जगत से जुड़े लोकप्रिय चेहरे जैसे कृष्णा अभिषेक, हेमंत पांडे, हिमानी शिवपुरी समेत कई कलाकार मौजूद रहे। सभी ने मुख्यमंत्री से उत्तराखंड की प्राकृतिक सुंदरता, सादगी और लोकसंस्कृति की ऊर्जा पर चर्चा की। कलाकारों ने कहा कि देवभूमि की संस्कृति में एक ऐसा अपनापन है, जो हर आगंतुक के दिल को छू जाता है।
मुख्यमंत्री धामी ने सभी कलाकारों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया और कहा कि उत्तराखंड अब केवल पर्यटन का नहीं, बल्कि “संस्कृति और सृजन का केंद्र” बन रहा है।
राज्य के 25 वर्षों की इस यात्रा में, कला उत्सवों की यह श्रृंखला न केवल उत्तराखंड की विरासत को नए आयाम दे रही है, बल्कि पूरे देश को यह संदेश भी दे रही है कि — देवभूमि की संस्कृति केवल अतीत नहीं, बल्कि भविष्य की प्रेरणा है। 🌄









