🚧 शारदा रिवरफ्रंट की धीमी रफ्तार पर मुख्य सचिव नाराज, कुंभ से पहले प्राथमिकता वाले काम पूरे करने के निर्देश

देहरादून | 1 अक्टूबर 2026

उत्तराखंड के मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने यूआईआईडीबी की विभिन्न परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए तय समयसीमा में काम पूरा करने के निर्देश दिए। शारदा रिवरफ्रंट कॉरिडोर में करीब 10 महीने में सिर्फ 10 प्रतिशत प्रगति पर उन्होंने नाराजगी जताई और मौके पर समर्पित प्रोजेक्ट मैनेजर तैनात करने को कहा। 🚧

कुंभ मेला 2027 को देखते हुए हरिद्वार क्षेत्र की प्राथमिकता वाली परियोजनाओं में तेजी लाने, नियमित मॉनिटरिंग करने और गुणवत्ता बनाए रखने पर भी जोर दिया गया।

📊 हर प्रोजेक्ट की टाइमलाइन और PERT चार्ट से होगी निगरानी

सचिवालय में हुई उत्तराखंड इन्वेस्टमेंट एंड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट बोर्ड (यूआईआईडीबी) की एग्जीक्यूटिव कमेटी की बैठक में मुख्य सचिव ने सभी परियोजनाओं की निर्धारित टाइमलाइन तैयार करने के साथ PERT चार्ट बनाने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि प्रत्येक बैठक में परियोजनावार प्रगति इसी आधार पर प्रस्तुत की जाए। जिन प्रोजेक्ट्स में तय समय के अनुसार काम नहीं हो रहा है, वहां देरी के कारणों की पहचान कर सुधारात्मक कार्रवाई की जाए।

मुख्य सचिव ने प्रमुख सचिव नियोजन को भी परियोजनाओं की प्रगति की नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए।

🚧 शारदा रिवरफ्रंट में 10 महीने में 10% काम पर नाराजगी

बैठक में शारदा रिवरफ्रंट कॉरिडोर प्रोजेक्ट की धीमी प्रगति का मुद्दा प्रमुखता से उठा। कार्यदायी संस्था यूपीडीसीसी की ओर से करीब दस महीने में लगभग 10 प्रतिशत काम किए जाने पर मुख्य सचिव ने असंतोष व्यक्त किया।

उन्होंने परियोजना के लिए डेडिकेटेड प्रोजेक्ट मैनेजर नियुक्त करने के निर्देश दिए। प्रोजेक्ट मैनेजर को कार्यस्थल पर ही तैनात करने को कहा गया, ताकि मौके की समस्याओं का तत्काल समाधान और काम की लगातार निगरानी हो सके।

🛶 रिवर राफ्टिंग परियोजनाओं के लिए अलग-अलग यूनिट

बैठक में रिवर राफ्टिंग डेवलपमेंट से जुड़े कार्यों की भी समीक्षा हुई। मुख्य सचिव ने यूपीडीसीसी को अगले पांच वर्षों के लिए परियोजनाओं के संचालन एवं अनुरक्षण के लिए अपनी समर्पित टीम विकसित कर कार्यस्थल पर तैनात करने के निर्देश दिए।

उन्होंने हरिद्वार और ऋषिकेश के लिए अलग-अलग यूनिट की व्यवस्था करने को कहा, ताकि संचालन और रखरखाव से जुड़े कार्यों में दिक्कत न आए।

🕉️ कुंभ मेला 2027 से पहले प्राथमिकता वाले काम पूरे करने के निर्देश

मुख्य सचिव ने कुंभ मेला 2027 को ध्यान में रखते हुए प्राथमिकता वाली परियोजनाओं को निर्धारित समयसीमा में पूरा कराने पर जोर दिया।

उन्होंने सती कुंड से जुड़े कार्यों को 15 दिसंबर तक पूरा करने के लिए श्रमिकों और शिफ्ट की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए। साथ ही काम की गति बढ़ाते समय निर्माण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान रखने को कहा।

📍 हरिद्वार में तैनात रहेंगे कार्यदायी संस्था के महाप्रबंधक

हरिद्वार में चल रहे कार्यों की निगरानी के लिए मुख्य सचिव ने कार्यदायी संस्था के महाप्रबंधक को हरिद्वार में ही तैनात रहने के निर्देश दिए।

महाप्रबंधक को परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए पूरी प्रगति रिपोर्ट जिलाधिकारी और मंडलायुक्त को उपलब्ध कराने को कहा गया। इस संबंध में आवश्यक आदेश तत्काल जारी करने के निर्देश भी दिए गए।

🅿️ नए पार्किंग प्रोजेक्ट से पहले NOC जरूरी

बैठक में हरिद्वार में प्रस्तावित सरफेस, अंडरग्राउंड और मैकेनिकल पार्किंग परियोजनाओं पर भी चर्चा हुई।

मुख्य सचिव ने स्पष्ट किया कि हरिद्वार क्षेत्र में कोई नया पार्किंग प्रोजेक्ट शुरू करने से पहले जिलाधिकारी और मेलाधिकारी से लिखित NOC प्राप्त की जाए।

इसके अलावा, दूसरे विभागों की ओर से तैयार की जा रही योजनाओं के साथ पार्किंग परियोजनाओं का उचित इंटीग्रेशन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

उन्होंने कहा कि किसी क्षेत्र में सरफेस, अंडरग्राउंड या मैकेनिकल पार्किंग में से जो विकल्प अधिक व्यवहारिक और उपयुक्त हो, उसी के आधार पर परियोजना तैयार की जाए।

💰 वित्तीय मामलों के लिए फाइनेंसियल एवं ऑडिट कमेटी

यूआईआईडीबी की परियोजनाओं से जुड़े वित्तीय मामलों की निगरानी के लिए फाइनेंसियल एवं ऑडिट कमेटी गठित करने के निर्देश भी दिए गए।

मुख्य सचिव ने परियोजनाओं में वित्तीय अनुशासन, पारदर्शिता और समयबद्धता बनाए रखने पर विशेष जोर दिया।

बैठक में प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुन्दरम, सचिव नितेश कुमार झा, रविनाथ रमन, डॉ. पंकज कुमार पाण्डेय, सी. रविशंकर, डॉ. रणवीर सिंह चौहान, विशेष सचिव पराग मधुकर धकाते सहित संबंधित विभागों और यूआईआईडीबी के अधिकारी मौजूद रहे।