देहरादून | 20 जून 2026
उत्तराखंड में रेलवे कनेक्टिविटी को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। शुक्रवार को मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी से मुख्यमंत्री आवास में रेलवे बोर्ड के चेयरमैन श्री सतीश कुमार के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान राज्य में रेलवे अवसंरचना के विस्तार, चल रही रेल परियोजनाओं और भविष्य की आवश्यकताओं को लेकर विस्तार से चर्चा हुई।
मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड में रेलवे नेटवर्क का सुदृढ़ीकरण केवल परिवहन सुविधा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह राज्य के पर्यटन, तीर्थाटन, निवेश और स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई गति देने का माध्यम भी बनेगा।
ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना पर विशेष जोर
बैठक में मुख्यमंत्री ने ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना को राज्य की सबसे महत्वपूर्ण और सामरिक दृष्टि से अहम परियोजनाओं में से एक बताया। उन्होंने परियोजना के कार्यों को निर्धारित समयावधि में पूरा करने पर बल दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह रेल परियोजना चारधाम यात्रा को नई सुविधा प्रदान करेगी और विशेष रूप से श्री बदरीनाथ एवं श्री केदारनाथ धाम आने वाले श्रद्धालुओं तथा पर्यटकों के लिए यात्रा को अधिक सुरक्षित, सुगम और आधुनिक बनाएगी।
टनकपुर-बागेश्वर रेल परियोजना की प्रगति पर चर्चा
बैठक के दौरान टनकपुर-बागेश्वर रेल परियोजना को आगे बढ़ाने के विषय पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। रेलवे बोर्ड के चेयरमैन श्री सतीश कुमार ने जानकारी दी कि परियोजना का सर्वेक्षण और डीपीआर तैयार की जा चुकी है।
मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि नवंबर 2026 तक इस परियोजना पर ठोस प्रगति देखने को मिलेगी। साथ ही उन्होंने कर्णप्रयाग-बागेश्वर रेल लाइन और किच्छा-खटीमा रेल लाइन परियोजनाओं को भी क्षेत्रीय संतुलित विकास और भविष्य की आवश्यकताओं के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए आगे की कार्रवाई तेज करने का आग्रह किया।
रेलवे स्टेशनों के आधुनिकीकरण पर भी दिया जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में तीर्थाटन और पर्यटन की बढ़ती संभावनाओं को देखते हुए रेलवे स्टेशनों को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाना समय की आवश्यकता है।
उन्होंने गढ़वाल मंडल के देहरादून, हरिद्वार, ऋषिकेश और रुड़की तथा कुमाऊँ मंडल के हल्द्वानी, काठगोदाम, रामनगर और टनकपुर रेलवे स्टेशनों को प्रदेश के प्रमुख प्रवेश द्वार बताते हुए यहां यात्री सुविधाओं के विस्तार और आधुनिक व्यवस्थाओं को मजबूत करने पर बल दिया।
कुंभ और कांवड़ मेले की तैयारियों पर भी फोकस
मुख्यमंत्री श्री धामी ने आगामी कुंभ एवं कांवड़ मेले के मद्देनजर हरिद्वार, ऋषिकेश और रुड़की रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की संभावित बढ़ती संख्या को देखते हुए विशेष सुविधाएं विकसित करने की आवश्यकता बताई।
उन्होंने कहा कि रेलवे और राज्य सरकार के बेहतर समन्वय से श्रद्धालुओं एवं यात्रियों को सुरक्षित, सुविधाजनक और बेहतर यात्रा अनुभव उपलब्ध कराया जा सकता है।
हरिद्वार-देहरादून डबल लाइन पर भी उठाया मुद्दा
मुख्यमंत्री ने हरिद्वार-देहरादून रेल लाइन के डबल लाइन विस्तार की दिशा में प्रभावी कार्रवाई किए जाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि रेलवे नेटवर्क के विस्तार और आधुनिकीकरण से राज्य में निवेश, व्यापार, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे तथा उत्तराखंड की अर्थव्यवस्था को दीर्घकालिक मजबूती मिलेगी।
बैठक में रेलवे बोर्ड के चेयरमैन श्री सतीश कुमार ने भरोसा दिलाया कि चर्चा के दौरान उठाए गए सभी बिंदुओं पर गंभीरता से कार्य किया जाएगा।
इस अवसर पर सचिव श्री बृजेश कुमार संत एवं अपर सचिव श्रीमती रीना जोशी भी उपस्थित रहे।










